Site icon Zest News

सूरत बिल्डर आत्महत्या केस: महिला मित्र पूनम भादोरिया गिरफ्तार

सूरत के प्रसिद्ध बिल्डर तुषार घेलाणी आत्महत्या मामले में उमरा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। बिल्डर को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में पुलिस ने उनकी महिला मित्र पूनम भादोरिया के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में ब्लैकमेलिंग और संपत्ति हड़पने के मामले सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई है।

क्या था पूरा विवाद?
मृतक बिल्डर तुषार घेलाणी ने 1 फरवरी 2026 को अपने घर पर रिवॉल्वर से गोली मारकर आत्महत्या करने की कोशिश की थी। पांच दिन तक वेंटिलेटर पर रहने के बाद डॉक्टरों ने उन्हें ‘ब्रेन डेड’ घोषित कर दिया था। उनकी मौत के बाद परिवार और महिला मित्र आमने-सामने आ गए।

तुषार घेलाणी के परिवार ने गंभीर आरोप लगाया कि पूनम भादोरिया उन्हें लगातार ब्लैकमेल कर रही थीं और उनसे दुकान सहित कई कीमती संपत्तियां अपने नाम करवा ली थीं। तुषार इस रिश्ते को खत्म करना चाहते थे, लेकिन महिला उनका पीछा नहीं छोड़ रही थी। आरोप है कि महिला ने उनकी बेटी की शादी में हंगामा कर बदनाम करने की धमकी दी, जिसके चलते तुषार ने यह कदम उठाया।

दूसरी ओर, गिरफ्तार महिला ने भी पुलिस में शिकायत दर्ज कर चौंकाने वाले आरोप लगाए। उसने इस घटना को आत्महत्या नहीं बल्कि ‘हत्या’ बताया। महिला का दावा है कि परिवार तुषार का उपयोग सिर्फ ‘एटीएम मशीन’ की तरह करता था और उन्हें सम्मान नहीं देता था। उसने यह भी कहा कि बेटी की शादी के लिए तुषार ने उसकी मां से 25 लाख रुपये उधार लिए थे।

पुलिस जांच और कार्रवाई
सूरत के एसीपी जेड.आर. देसाई के अनुसार, जांच में पूनम भादोरिया मुख्य भूमिका में सामने आई हैं, जिन पर मृतक को मानसिक और आर्थिक रूप से दबाव में रखने का आरोप है। जांच में स्कूल से जुड़े आर्थिक लेन-देन भी सामने आए हैं, जिसमें पूनम बिना किसी निवेश के मैनेजिंग पार्टनर के रूप में काम कर रही थीं और मुनाफे में हिस्सा ले रही थीं।

इसके अलावा, एक संदिग्ध संपत्ति ट्रांसफर का भी खुलासा हुआ है, जिसमें तुषार ने जॉली आर्केड में स्थित दो दुकानों (लगभग 1.06 करोड़ रुपये मूल्य) को बिना किसी बैंकिंग लेन-देन के पूनम के नाम कर दिया था।

फिलहाल, पुलिस ने महिला के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।

Exit mobile version